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कभी कभी...

MrDream

Wellknown Ace

कभी-कभी कुछ रिश्तों को भूल जाना बेहतर,
कभी-कभी कुछ रिश्तों को दिल में बसाना बेहतर।

हर राज़ को दुनिया के सामने लाना क्यों,
कभी-कभी कुछ बातों को दिल में दबाना बेहतर।

मोहब्बत में हर ख़्वाब का पूरा होना कहाँ,
कभी-कभी अधूरे ख़्वाबों को सजाना बेहतर।

हर दर्द को लफ़्ज़ों में कहना ज़रूरी तो नहीं,
कभी-कभी आँखों से सब कुछ जताना बेहतर।

नुमाइश-ए-इश्क़ से हासिल भी क्या होगा,
कभी-कभी यूँ ही गुमसुम रहना बेहतर।
 
कभी-कभी कुछ रिश्तों को भूल जाना बेहतर,
कभी-कभी कुछ रिश्तों को दिल में बसाना बेहतर।

हर राज़ को दुनिया के सामने लाना क्यों,
कभी-कभी कुछ बातों को दिल में दबाना बेहतर।

मोहब्बत में हर ख़्वाब का पूरा होना कहाँ,
कभी-कभी अधूरे ख़्वाबों को सजाना बेहतर।

हर दर्द को लफ़्ज़ों में कहना ज़रूरी तो नहीं,
कभी-कभी आँखों से सब कुछ जताना बेहतर।

नुमाइश-ए-इश्क़ से हासिल भी क्या होगा,
कभी-कभी यूँ ही गुमसुम रहना बेहतर।
After reading this I feel like even silence now needs a proper explanation

So many “Kabhi Kabhi” in one post… I think the only thing we should never hide is our sense of humour
✨
 
Some feelings don’t need words,
and some bonds are special even in silence.
Not everything needs to be said aloud—
sometimes, the emotions hidden in the eyes say enough.✨
 
कभी-कभी कुछ रिश्तों को भूल जाना बेहतर,
कभी-कभी कुछ रिश्तों को दिल में बसाना बेहतर।

हर राज़ को दुनिया के सामने लाना क्यों,
कभी-कभी कुछ बातों को दिल में दबाना बेहतर।

मोहब्बत में हर ख़्वाब का पूरा होना कहाँ,
कभी-कभी अधूरे ख़्वाबों को सजाना बेहतर।

हर दर्द को लफ़्ज़ों में कहना ज़रूरी तो नहीं,
कभी-कभी आँखों से सब कुछ जताना बेहतर।

नुमाइश-ए-इश्क़ से हासिल भी क्या होगा,
कभी-कभी यूँ ही गुमसुम रहना बेहतर।
कुछ रिश्ते निभाए नहीं जाते, बस महसूस किए जाते हैं…
हर बात कह देना भी ज़रूरी नहीं, कुछ एहसास ख़ामोशी में ही खूबसूरत लगते हैं।
शायद इसी को समझदारी कहते हैं—
जो अपना है उसे दिल में रखना, और जो अधूरा है उसे सुकून से स्वीकार कर लेना। ❤️‍
 
कुछ रिश्ते निभाए नहीं जाते, बस महसूस किए जाते हैं…
हर बात कह देना भी ज़रूरी नहीं, कुछ एहसास ख़ामोशी में ही खूबसूरत लगते हैं।
शायद इसी को समझदारी कहते हैं—
जो अपना है उसे दिल में रखना, और जो अधूरा है उसे सुकून से स्वीकार कर लेना। ❤️‍
खूबसूरत
 
कभी-कभी कुछ रिश्तों को भूल जाना बेहतर,
कभी-कभी कुछ रिश्तों को दिल में बसाना बेहतर।

हर राज़ को दुनिया के सामने लाना क्यों,
कभी-कभी कुछ बातों को दिल में दबाना बेहतर।

मोहब्बत में हर ख़्वाब का पूरा होना कहाँ,
कभी-कभी अधूरे ख़्वाबों को सजाना बेहतर।

हर दर्द को लफ़्ज़ों में कहना ज़रूरी तो नहीं,
कभी-कभी आँखों से सब कुछ जताना बेहतर।

नुमाइश-ए-इश्क़ से हासिल भी क्या होगा,
कभी-कभी यूँ ही गुमसुम रहना बेहतर।
Khamoshi aur adhoore khwabon ka ekdum khoobsurat bayaan! ✨"
 
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