MrDreamy
Favoured Frenzy
कभी-कभी मेरे दिल में ख़याल आता है,
सच्चाई के कितने रूप हैं, सवाल आता है।
कोई ख़ामोश रहे तो उसे गुनहगार कहें,
कभी ख़ामोशी में भी दर्द बेमिसाल आता है।
कोई सच बोल के रिश्तों को बिखेर देता है,
कोई झूठ बोल के रिश्तों को सँभाल जाता है।
हम अपने ऐब को मजबूरी का नाम देते हैं,
दूसरों के ऐब पे फ़ैसला तत्काल आता है।
कभी जो ख़ुद से अकेले में सामना हो जाए,
तो अपने होने पे भी एक सवाल आता है।
न जाने सच की तलाश में कहाँ तक जाएँ हम,
हर एक मोड़ पे नया इक जंजाल आता है।
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